vindhyachal amit shah 1 ganeshavoice.in इन मंदिरों में आखिर क्यों माथा टेकते हैं बड़े बड़े राजनेता ? जानिए असली वजह miraculous temple
धर्म दर्शन राशिफल

इन मंदिरों में आखिर क्यों माथा टेकते हैं बड़े बड़े राजनेता ? जानिए असली वजह miraculous temple

miraculous temple : मंदिर को ईश्वर का घर कहा जाता है। कहा जाता है कि मंदिर में माथा टेकने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। भारत में देवी-देवताओं से जुड़े कई ऐसे चमत्कारी मंदिर (miraculous temple) हैं, जहां पर जाने पर शत्रुओं पर विजय पाने का आशीर्वाद विशेष रूप से प्राप्त होता है। यही कारण है कि चुनावी मौसम आते ही इन पावन धामों में राजनेताओं (politicians) की भीड़ जुटने लगती है। देश के कुछ ऐसे ही सिद्ध मंदिर हैं,जहां पर जीत की कामना लिए बड़े-बड़े राजनेता अक्सर माथा टेकने के ​लिए जाते हैं।

vindhyachal amit shah 1 ganeshavoice.in इन मंदिरों में आखिर क्यों माथा टेकते हैं बड़े बड़े राजनेता ? जानिए असली वजह miraculous temple

जीवनसाथी की तलाश हुई आसान! फ्री रजिस्ट्रेशन करके तलाश करें अपना हमसफर

समस्या है तो समाधान भी है, विद्वान ज्योतिषी से फ्री में लें परामर्श

51 शक्तिपीठों में सबसे प्रसिद्ध मां कामख्या के पावन धाम के बारे में मान्यता है कि जो साधना कहीं सफल नहीं होती है, वह माता के इस दरबार में जरूर सफल होती है। यही कारण है कि तंत्र-मंत्र की साधना के लिए जाने वाले इस पावन दरबार में चुनाव आते ही नेताओं की भीड़ जुटने लगती है। कामख्या शक्तिपीठ को वाम मार्ग की साधना के लिए सर्वोच्च पीठ माना जाता है। मान्यता है कि मां कामख्या के इस पावन धाम से कोई खाली हाथ नहीं जाता है। चमत्कारों से भरे इस मंदिर में देश के कई बड़े नेता जीत की कामना लिए विशेष पूजा करवा चुके हैं।

Love Rashifal 2022 : इन राशि वालों की लव लाइफ हो सकती है शानदार

मां कामख्या की तरह उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में स्थित मां​ विंध्यवासिनी के मंदिर में भी बड़ी संख्या में राजनेता अपनी मनोकामना लिए पूजा-अर्चना के लिए अक्सर पहुंचते रहते हैं। चुनावी वैतरणी पार लगाने के लिए यह शक्तिपीठ विशेष रूप से जाना जाता है। विंध्याचल का यह पावन धाम दस महाविद्या का प्रधान केंद्र है। त्रिकोण यंत्र पर स्थिति मां विंध्यवासिनी एक ऐसा जागृत शक्तिपीठ है, जहां पर तंत्र-मंत्र से जुड़ी साधना शीघ्र ही सफल होती है। यही कारण है कि चुनाव में जीत का सपना पाले बड़े-बड़े राजनेता यहां पर अक्सर पूजा-अनुष्ठान कराने के लिए पहुंचते रहते हैं।

अब लगेगा साल का अंतिम सूर्य ग्रहण, जानिए तारीख और समय 

मध्य प्रदेश के झांसी जिले के दतिया नामक स्थान पर स्थित मां पीतांबरा का पावन धाम, जहां पर जाने वाला वाला मंत्री हो या संतरी, माता उसकी मनोकामना अवश्य पूरी करती हैं। मान्यता है कि माता के इस मंदिर में साधना-आराधना करने पर चुनावी जीत से लेकर कोर्ट-कचहरी और शत्रुओं पर विजय पाने का विशेष आशीर्वाद मिलता है। यही कारण है कि चुनाव आते ही माता के इस पावन पीठ पर बड़े-बड़े राजनेता हाजिरी लगाने पहुंचने लगते हैं। मां पीतांबरा को बगुलामुखी का स्वरूप माना जाता है। जिन्हें लोग राजसत्ता की देवी के नाम से बुलाते हैं।

मौत से हो सकता है सामना, यदि ये जानवर काट दे रास्ता : Ashubh Sanket

उज्जैन नगरी में स्थित महाकाल मंदिर आस्था का बड़ा केंद्र है। तीर्थ नगरी उज्जैन के महाकाल मंदिर में देश के कई प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री ने सत्ता पर काबिज होने की कामना लिए पूजा करवाई है। महाकाल की नगरी को तंत्र-मंत्र की साधना के लिए बहुत ही शुभ माना गया है। यही कारण है कि चुनाव आते ही यहां पर बड़े-बड़े राजनेता जीत के लिए अनुष्ठान करवाने पहुंचने लगते हैं।

ज्योतिष के चमत्कारी उपाय, फ्री सर्विस और रोचक जानकारी के लिए ज्वाइन करें हमारा टेलिग्राम चैनल

Google News पर हमसे जुड़ने के लिए हमें यहां क्लीक कर फॉलो करें।

ज्योतिष, धर्म, व्रत एवं त्योहार से जुड़ी ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए हमारे फेसबुक पेज को लाइक करें और ट्वीटर @ganeshavoice1 पर फॉलो करें।

maheshshivapress
महेश के. शिवा www.ganeshavoice.in के मुख्य संपादक हैं। जो सनातन संस्कृति, धर्म, संस्कृति और हिन्दी के अनेक विषयों पर लिखतें हैं। इन्हें ज्योतिष विज्ञान और वेदों से बहुत लगाव है।
http://ganeshavoice.in